Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Breakng
    • स्वास्थ्य मंत्री डॉ. शांडिल ने किया विधिवत शुभारम्भ
    • हेल्दी बेबी शो 28 जून को ठोडो मैदान में होगा आयोजित
    • अग्निशमन विभाग का विशेष सत्र: अरिहंत इंटरनेशनल विद्यालय, नाहन में सुरक्षा का संदेश
    • किसान जल्द करवाएं किसान पंजीकरण, मिलेगा सरकारी योजनाओं का लाभ – कृषि विभाग
    • मुख्यमंत्री ने जोहड़जी-मल्ला सड़क के लिए 20 करोड़ रुपये की घोषणा
    • अनिरुद्ध सिंह 25 जून को ज़िला सोलन के प्रवास पर
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Himachal Varta
    • होम पेज
    • हिमाचल प्रदेश
      • शिमला
      • सिरमौर
      • ऊना
      • चंबा
      • लाहौल स्पीति
      • बिलासपुर
      • मंडी
      • सोलन
      • कुल्लू
      • हमीरपुर
      • किन्नोर
      • कांगड़ा
    • खेल
    • स्वास्थ्य
    • चण्डीगढ़
    • क्राइम
    • दुर्घटनाएं
    • पंजाब
    • आस्था
    • देश
    • हरियाणा
    • राजनैतिक
    Saturday, June 27
    Himachal Varta
    Home»आस्था»जिला सिरमौर के चूड़धार स्थित मन्दिर में श्रद्धालु हजारों की संख्या में पहुँच रहे हैं!
    आस्था

    जिला सिरमौर के चूड़धार स्थित मन्दिर में श्रद्धालु हजारों की संख्या में पहुँच रहे हैं!

    By Himachal VartaNovember 1, 2020
    Facebook WhatsApp

    नाहन  (हिमाचलवार्ता)। जिला सिरमौर की सब से ऊंची  चूंड़धार की चोटी पर कोरोना संकट के इस दौर में श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ने लग गई है। बाहरी राज्यों से भारी संख्या में श्रद्धालु यहां शिरगुल महाराज के दर्शन करने पहुंच रहे हैं। बता दें कि हरे-भरे और दिल छू लेने वाले परिदृश्य के बीच, चूड़धार चोटी हिमाचल प्रदेश में स्थित शिवालिक रेंज की सबसे ऊंची चोटियों में से एक है। प्रकृति प्रेमी के लिए यह स्थान प्रकृति के करीब अपना समय बिताने के लिए अभूतपूर्व टूरिस्ट स्पॉट है।

    समुद्र तल से लगभग 11965 फीट की ऊंचाई पर बसा यह स्थान ट्रेकिंग के लिए प्रसिद्ध है। चूड़धार में हिमाचल सहित बाहरी राज्यों से हजारों की संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंच रहे हैं। परन्तु कोरोना महामारी के चलते यहां श्रदालुओं के रात्रि ठहराव की व्यवस्था नहीं की गई है तथा यात्री व ट्रेकर खुले आसमान तले टेंटों में रातें गुजार रहे है। मन्दिर खुलने व बंद होने का समय निर्धारित किया गया है।

    चुडधार में रात को अक्सर तापमान माइनस में रहता है तथा सर्द हवाएं शरीर पर सुई की तरह चुभती है। इसके बावजूद हजारों श्रद्धालु पूरी रात खुले आसमान के नीचे कडकडाती ठंड में गुजारना मंजूर है। हालांकि,  नौहराधार व सराहं के रास्तों में अस्थाई ढाबे खुल चुके है तथा स्थानीय ढाबा संचालक भी यात्रियों को अपनी दुकानों में जगह देकर उनकी मुश्किलों को कम करने का प्रयास करते है।

    वहीँ, मुख्य रास्ता नौहराधार से होकर जाता है तथा यहां से चूड़धार 14 किलोमीटर है। दूसरा रास्ता सराहन चौपाल से होकर गुजरता है। यहां से चूड़धार 6 किलोमीटर है। बताते चले कि 15 नवंबर के बाद प्रशासन द्वारा यहां मंदिर के कपाट बंद कर दिए जाएगें, क्योंकि यहां मौसम नवम्बर के पहले सप्ताह में ही बर्फबारी तथा कड़ाके की ठंड हो जाती है। इसके बाद परम्परा के अनुसार बैशाखी पर कपाट खोल दिए जाते है।

    Follow on Google News Follow on Facebook
    Share. Facebook Twitter Email WhatsApp
    Recent
    • स्वास्थ्य मंत्री डॉ. शांडिल ने किया विधिवत शुभारम्भ
    • हेल्दी बेबी शो 28 जून को ठोडो मैदान में होगा आयोजित
    • अग्निशमन विभाग का विशेष सत्र: अरिहंत इंटरनेशनल विद्यालय, नाहन में सुरक्षा का संदेश
    • किसान जल्द करवाएं किसान पंजीकरण, मिलेगा सरकारी योजनाओं का लाभ – कृषि विभाग
    • मुख्यमंत्री ने जोहड़जी-मल्ला सड़क के लिए 20 करोड़ रुपये की घोषणा
    Recent Comments
    • Sandeep Sharma on केन्द्र ने हिमालयी राज्यों को पुनः 90ः10 अनुपात में धन उपलब्ध करवाने की मांग को स्वीकार किया
    • Sajan Aggarwal on ददाहू मैं बिजली आपूर्ति में घोर अन्याय
    © 2026 Himachal Varta. Developed by DasKreative.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.