काँगड़ा ( हिमाचलवार्ता न्यूज़ ) धर्म और राष्ट्र के आधार पर भेदभाव को कम करना चाहिए। मैं तिब्बती हूं, मेरा जन्म तिब्बत में हुआ और मैं इस समय एक शरणार्थी हूं, लेकिन यह बात मैंने कभी खुद पर हावी नहीं होने दी। शनिवार को स्वीडन के सांसद मार्गरेटा एलिजाबेथ सीडरफेल्ट के नेतृत्व में तिब्बती धर्मगुरु दलाईलामा से मिला। दलाईलामा ने प्रतिनिधिमंडल को इंसानियत में एकता पर उपदेश किए। उन्होंने कहा कि वह जब भी लोगों से मिलते हैं तो उन्हें लगता है कि हम सभी भाई बहन हैं। यह भाव हम सभी में होना चाहिए और हम सभी सामाजिक प्राणी हैं। हमारे जीवन की शुरूआत मां के स्नेह से होती है, लेकिन बाद में हम धर्म, राष्ट्र व रंग के आधार पर अपनी सोच बदल लेते हैं। जिसका अर्थ है कि हम एकता का भाव भूल जाते हैं। उन्होंने कहा कि हमेशा बड़ा सोचना चाहिए और सभी को एक दृष्टि से देखना चाहिए।
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Sunday, October 4
