Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Breakng
    • शिमला में मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने लोगों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं, सुझाव और अपेक्षाएं सुनीं।
    • द्राबिल में विश्व पर्यावरण दिवस तथा मिशन शक्ति योजना पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
    • 129 पदों के लिए कैंपस इंटरव्यू 11 व 12 जून को
    • कैम्पस इंटरव्यू
    • समाज के प्रत्येक छात्र को गुणवत्तायुक्त शिक्षा उपलब्ध करवाना प्रदेश सरकार का उत्तरदायित्व – संजय अवस्थी
    • मासिक धर्म स्वच्छता पर जागरूकता शिविर का आयोजन
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Himachal Varta
    • होम पेज
    • हिमाचल प्रदेश
      • शिमला
      • सिरमौर
      • ऊना
      • चंबा
      • लाहौल स्पीति
      • बिलासपुर
      • मंडी
      • सोलन
      • कुल्लू
      • हमीरपुर
      • किन्नोर
      • कांगड़ा
    • खेल
    • स्वास्थ्य
    • चण्डीगढ़
    • क्राइम
    • दुर्घटनाएं
    • पंजाब
    • आस्था
    • देश
    • हरियाणा
    • राजनैतिक
    Sunday, June 7
    Himachal Varta
    Home»हिमाचल प्रदेश»सिरमौर»भारी तूफान और बारिश से मक्की की खड़ी फसल नष्ट से किसान चिंतित
    सिरमौर

    भारी तूफान और बारिश से मक्की की खड़ी फसल नष्ट से किसान चिंतित

    By Himachal VartaSeptember 20, 2024
    Facebook WhatsApp

    पांवटा साहिब  ( हिमाचल वार्ता न्यूज):- पांवटा में साहिब की ग्राम पंचायत राजपुर के तहत आने वाले गांव रामनगर में बीते दिन अचानक आए भारी तूफान और बारिश ने जमकर तबाही मचाई। तेज हवाओं और मूसलाधार बारिश ने न केवल सामान्य जनजीवन को अस्त-व्यस्त किया, बल्कि किसानों की  फसल को भी भारी नुकसान पहुंचा है।जिससे किसान चिंतित हैं।

    जानकारी के अनुसार रामनगर में बीते दिन हवाओं के साथ भारी बारिश शुरू हुई जिससे कई जगह पेड़ उखड़ गए, जहां मक्की के खेत तेज हवाओं के चलते जमीन पर गिर गए और किसानों को इस बार भी मक्की की फसल से हाथ धोने पड़ेंगे इस प्राकृतिक आपदा से निपटने के लिए उन्होंने प्रशासन से गुहार लगाई है कि प्रशासन समय रहते हुए उनकी सहायता करें।

    मक्की की फसल को भारी नुकसान तूफान और बारिश का सबसे बुरा असर किसानों पर पड़ा है। इस मौसम में मक्की की फसलें लगभग तैयार थीं और किसानों को जल्द ही उनकी कटाई शुरू करनी थी। लेकिन रात के तूफान ने उनकी सारी उम्मीदों पर पानी फेर दिया।

    खेतों में खड़ी मक्की की फसलें तेज हवाओं और भारी बारिश से धराशायी हो गईं। कई किसानों ने बताया कि उनकी पूरी फसल बर्बाद हो गई है, जिससे उनके परिवारों की आजीविका पर बड़ा संकट खड़ा हो गया है।

    गाँव के किसान हरिराम जिनके पास 5 बीघा जमीन है, ने बताया, “हमारी मक्की की फसल कटने के लिए तैयार थी, लेकिन इस तूफान ने सब कुछ तबाह कर दिया। अब हमें समझ नहीं आ रहा कि आगे क्या करेंगे। पहले ही लागत बढ़ी हुई थी और अब यह नुकसान हमें कर्ज के जाल में फंसा सकता है।

    Follow on Google News Follow on Facebook
    Share. Facebook Twitter Email WhatsApp
    Recent
    • शिमला में मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने लोगों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं, सुझाव और अपेक्षाएं सुनीं।
    • द्राबिल में विश्व पर्यावरण दिवस तथा मिशन शक्ति योजना पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
    • 129 पदों के लिए कैंपस इंटरव्यू 11 व 12 जून को
    • कैम्पस इंटरव्यू
    • समाज के प्रत्येक छात्र को गुणवत्तायुक्त शिक्षा उपलब्ध करवाना प्रदेश सरकार का उत्तरदायित्व – संजय अवस्थी
    Recent Comments
    • Sandeep Sharma on केन्द्र ने हिमालयी राज्यों को पुनः 90ः10 अनुपात में धन उपलब्ध करवाने की मांग को स्वीकार किया
    • Sajan Aggarwal on ददाहू मैं बिजली आपूर्ति में घोर अन्याय
    © 2026 Himachal Varta. Developed by DasKreative.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.