Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Breakng
    • राज्यपाल ने माधव सृष्टि परिसर, सोलन में प्राकृतिक चिकित्सा केंद्र का लोकार्पण किया
    • नाहन व आसपास के क्षेत्रों में 05 अक्टूबर को बिजली सुबह 09 बजे से शाम 06 बजे तक बंद रहेगी
    • नेई-नेटी स्कूल में विद्यार्थियों को आसरा संस्था ने दिया लोक नृत्य का प्रशिक्षण
    • ऐतिहासिक चौगान मैदान में आयोजित हो रहे मेले और व्यापारिक गतिविधियों से व्यापारी व परिक्षार्थी परेशान
    • अंतरराष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर ददाहू में कार्यक्रम आयोजित
    • सत्य, अहिंसा और राष्ट्रप्रेम के संदेश से गूंजा अरिहंत इंटरनेशनल विद्यालय नाहन
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Himachal Varta
    • होम पेज
    • हिमाचल प्रदेश
      • शिमला
      • सिरमौर
      • ऊना
      • चंबा
      • लाहौल स्पीति
      • बिलासपुर
      • मंडी
      • सोलन
      • कुल्लू
      • हमीरपुर
      • किन्नोर
      • कांगड़ा
    • खेल
    • स्वास्थ्य
    • चण्डीगढ़
    • क्राइम
    • दुर्घटनाएं
    • पंजाब
    • आस्था
    • देश
    • हरियाणा
    • राजनैतिक
    Friday, October 2
    Himachal Varta
    Home»हिमाचल प्रदेश»सोलन»राज्यपाल ने माधव सृष्टि परिसर, सोलन में प्राकृतिक चिकित्सा केंद्र का लोकार्पण किया
    सोलन

    राज्यपाल ने माधव सृष्टि परिसर, सोलन में प्राकृतिक चिकित्सा केंद्र का लोकार्पण किया

    By Himachal VartaOctober 2, 2026
    Facebook WhatsApp

    सोलन ( हिमाचल वार्ता न्यूज)राज्यपाल कविन्द्र गुप्ता ने आज सोलन जिला के गण की सेर स्थित विद्या भारती हिमाचल द्वारा संचालित माधव सृष्टि बहु-आयामी शिक्षण संस्थान में प्राकृतिक चिकित्सा केंद्र का लोकार्पण किया।
    इस अवसर पर हिमाचल शिक्षा समिति, विद्या भारती तथा इससे संबंधित सभी लोगों को बधाई देते हुए राज्यपाल ने कहा कि महात्मा गांधी की जयंती के अवसर पर आयोजित हो रहा यह कार्यक्रम उनके सत्य, अहिंसा, स्वच्छता, आत्मनिर्भरता और अंतिम व्यक्ति तक सेवा के आदर्शों को स्मरण करने का अवसर प्रदान कर रहा है। उन्होंने कहा कि गांधी जी के लिए सेवा केवल विशेष अवसरों पर किया जाने वाला कार्य नहीं, बल्कि जीवन जीने का एक तरीका था। उन्होंने हिमाचल प्रदेश के साथ गांधी जी के विशेष जुड़ाव का उल्लेख भी किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में गांधी जी की यात्राओं से जुड़े महत्वपूर्ण ऐतिहासिक पहलुओं पर शोध और उनका दस्तावेजीकरण के विनोद भारद्वाज के प्रयास सराहनीय हैं।
    राज्यपाल ने ‘गांधी इन शिमला’ पुस्तक के लेखक विनोद भारद्वाज को हिमाचल के इतिहास के इस महत्वपूर्ण पक्ष के दस्तावेजीकरण में उनके योगदान के लिए सम्मानित भी किया।
    राज्यपाल ने कहा कि शिक्षा केवल ज्ञान और रोजगार तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि शिक्षा का मुख्य ध्येय बच्चों में चरित्र, अनुशासन, आत्मविश्वास, राष्ट्रीय चेतना और सेवा की भावना का विकास करना होना चाहिए। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश में हिमाचल शिक्षा समिति द्वारा विद्या भारती के मार्गदर्शन में 178 सरस्वती विद्या मंदिर संचालित किए जा रहे हैं।
    माधव सृष्टि परिसर में शिक्षा, स्वास्थ्य, योग, गौ-सेवा, औषधीय पौधों और कौशल विकास को एक साथ जोड़ने के प्रयास की सराहना करते हुए राज्यपाल ने कहा कि माधव गौशाला देशी नस्लों के संरक्षण एवं संवर्धन में योगदान दे रही है। उन्होंने कहा कि गौ-आधारित उत्पाद आत्मनिर्भरता और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूत करने में सहायक हो रहे हैं।
    माधव योग आश्रम का उल्लेख करते हुए राज्यपाल ने कहा कि योग भारत की समृद्ध परंपरा का प्रतिनिधित्व करता है, जो स्वस्थ और संतुलित जीवनशैली को बढ़ावा देती है। उन्होंने योग भारती हिमाचल प्रदेश के संस्थापक श्रीनिवास मूर्ति के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि आज की तनावपूर्ण जीवनशैली में योग, प्राणायाम और ध्यान का महत्व लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने पारंपरिक औषधीय पौधों से संबंधित ज्ञान के संरक्षण के उद्देय से संचालित माधव वनस्पति विहार की पहल की भी सराहना की।
    राज्यपाल ने कहा कि नया प्राकृतिक चिकित्सा केंद्र माधव सृष्टि परिसर की सेवा-उन्मुख गतिविधियों को और मजबूत करेगा। उन्होंने कहा कि ऐसी परियोजनाओं की सफलता का वास्तविक आकलन इस आधार पर होना चाहिए कि उनके लाभ कितने लोगों तक पहुंचते हैं और स्थानीय समुदाय किस प्रकार सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ता है।
    उन्होंने युवाओं से शिक्षा के साथ-साथ योग और खेलों को भी अपने जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि स्वस्थ शरीर, स्वस्थ मन और मजबूत चरित्र ही एक सुदृढ़ समाज की नींव हैं। उन्होंने कहा कि माधव सृष्टि परिसर अपने व्यापक उद्देश्य को तभी पूरा कर सकेगा, जब यह केवल एक संस्था के रूप में विकसित होने के बजाय सेवा, संस्कार, स्वास्थ्य और आत्मनिर्भरता का एक जीवंत केंद्र बने।
    इससे पहले, विद्या भारती अखिल भारतीय महामंत्री देशराज ने राज्यपाल का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि विद्या भारती सरस्वती विद्या मंदिरों के माध्यम से गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान कर रही है तथा आधुनिक शिक्षा के साथ नैतिक शिक्षा और राष्ट्रीय सेवा की भावना पर भी विशेष बल दे रही है।
    योग भारती हिमाचल प्रदेश के संस्थापक श्रीनिवास मूर्ति ने दैनिक जीवन में योग के महत्व पर प्रकाश डाला और प्राकृतिक चिकित्सा केंद्र के बारे में विस्तृत जानकारी दी।
    हिमाचल शिक्षा समिति के अध्यक्ष मोहन केष्टा ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया।
    इस अवसर पर पूर्व स्वास्थ्य मंत्री डॉ. राजीव सैजल, सोलन नगर निगम की महापौर सुषमा शर्मा, उपायुक्त सोलन मनमोहन शर्मा, पुलिस अधीक्षक टी. साई दत्तात्रेय और अन्य गणमान्य भी उपस्थित थे।

    Follow on Google News Follow on Facebook
    Share. Facebook Twitter Email WhatsApp
    Recent
    • राज्यपाल ने माधव सृष्टि परिसर, सोलन में प्राकृतिक चिकित्सा केंद्र का लोकार्पण किया
    • नाहन व आसपास के क्षेत्रों में 05 अक्टूबर को बिजली सुबह 09 बजे से शाम 06 बजे तक बंद रहेगी
    • नेई-नेटी स्कूल में विद्यार्थियों को आसरा संस्था ने दिया लोक नृत्य का प्रशिक्षण
    • ऐतिहासिक चौगान मैदान में आयोजित हो रहे मेले और व्यापारिक गतिविधियों से व्यापारी व परिक्षार्थी परेशान
    • अंतरराष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर ददाहू में कार्यक्रम आयोजित
    Recent Comments
    • Sandeep Sharma on केन्द्र ने हिमालयी राज्यों को पुनः 90ः10 अनुपात में धन उपलब्ध करवाने की मांग को स्वीकार किया
    • Sajan Aggarwal on ददाहू मैं बिजली आपूर्ति में घोर अन्याय
    © 2026 Himachal Varta. Developed by DasKreative.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.