तीनों उप-मंडलों के पचासी सेंटरों में प्रशासन ने करी व्यवस्था
नाहन (हिमाचलवार्ता)। भारी परेशानियों के साथ आज रविवार को जिला सिरमौर में जूनियर ऑफिस असिस्टेंट की परीक्षा संपन्न हुई। हिमाचल प्रदेश कर्मचारी चयन आयोग द्वारा आयोजित इस परीक्षा में जिला सिरमौर में कुल 16543 युवक युवतियों ने परीक्षा दी। जेओई की इस परीक्षा के लिए कमीशन की गाइड लाइन पर प्रशासन द्वारा तीन मंडलों पर पचासी सेंटर बनाए गए थे।
उपमंडल नाहन में 37 सेंटरों में 7971 युवा-युवती ने परीक्षा दी तो वही पांवटा साहिब उपमंडल के 26 सेंटरों में 4920 ने परीक्षा दी। इसी प्रकार राजगढ़ उपमंडल में 22 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे जिसमें 3600 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी। यहां यह भी बता दें कि यह परीक्षा पूरे प्रदेश भर में आयोजित की गई है।
प्रदेश के 51 सबडिवीजनों में आयोजित हुई इस परीक्षा में कुल 210000 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी है। जिसके लिए आयोग द्वारा करीब 960 एग्जामिनेशन सेंटर निर्धारित किए थे। कोरोना संक्रमित दौरान आयोजित हुई इस परीक्षा में परीक्षार्थियों को भारी परेशानियां भी उठानी पड़ी है।
हालांकि आयोग के द्वारा एचआरटीसी के एमडी को सभी सेंटरों तक बस रूट बहाल करने के लिए कहा गया था। बावजूद इसके बसों में भारी भीड़ होने के कारण अधिकतर परीक्षार्थी परीक्षा केंद्र तक बमुश्किल ही पहुंच पाए। अधिकतर आवेदकों द्वारा मांग की गई, सरकार आने वाले समय में इस प्रकार की परीक्षाओं के लिए सबडिवीजन लेवल पर यानी होम टाउन में ही परीक्षा केंद्र अलाउड करें।
उधर, हिमाचल कर्मचारी चयन आयोग के सेक्रेटरी जितेंद्र कंवर ने पुष्टि करते हुए बताया कि प्रदेश में 210000 परीक्षार्थियों ने जूनियर ऑफिस असिस्टेंट की परीक्षा दी है। जिला सिरमौर में 16543 ने यह परीक्षा दी है।
