नाहन (हिमाचलवार्ता)। सिरमौर के ग्रामीण इलाके के 6 युवाओं ने लोक सेवा आयोग की परीक्षा उत्तीर्ण की है। ये सभी युवा इतिहास विषय स्कूल लेक्चरर बने है। खास बात ये है कि ये इनमें से 4 सिरमौर के अलग -अलग स्कूलों में बतौर एसएमसी शिक्षक के तौर पर अपनी सेवाएं दे रहे थे।
हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित लेक्चररपरीक्षा में टिकरी गांव की शीतल पुत्री मुल्तान सिंह व अंधेरी गांव के अशोक कुमार पुत्र कांशीराम उतीर्ण हुए है।
ये दोनों एसएमसी के पद पर तैनात थे। इसके अलावा टिकरी गांव की ही प्रियंका पुत्री जीत सिंह भी इतिहास की स्कूल प्रवक्ता चयनित हुई है।
प्रियंका की पढ़ाई पीजी कॉलेज नाहन से हुई है। कुछ अरसा पहले शीतल व प्रियंका प्रणय सूत्र में भी बंध चुकी है। शादी के बाद अंधेरी व पनोग गांवो में सेटल हैं।
ग्रामीण परिवेश तथा सरकारी स्कूल व कॉलेज से शिक्षा ग्रहण करने वाले इन युवाओं के शुक्रवार को पब्लिक सर्विस कमीशन की प्रवक्ता परीक्षा में चयनित होने से परिचित व परिवार काफी उत्साहित है।
संगड़ाह महाविद्यालय के छात्र संगठनों ने इन्हें कामयाबी पर बधाई दी। गौरतलब है कि, वर्ष 2006 में खुले राजकीय महाविद्यालय संगड़ाह के दिनेश, अमरा, मोनिका, ममता, पूनम व अनिल नामक छात्र विभिन्न महाविद्यालयों में बतौर असिस्टेंट प्रोफेसर सेवाएं दे रहे हैं।
कॉलेज में स्टाफ व मूलभूत सुविधाओं की भारी कमी के बावजूद लगातार यहां पढ़ने वाले छात्र उच्च सरकारी पदों पर चयनित हो रहे हैं। संगड़ाह महाविद्यालय में वर्तमान में विज्ञान संकाय के सभी पद खाली है।
