
नाहन (हिमाचलवार्ता)। शिक्षा में गुणवत्ता मिले तो दुर्गम क्षेत्र की प्रतिभाओं में निखार आना सम्भव है, ऐसा ही कारनामा जिला सिरमौर के दुर्गम क्षेत्र शिलाई के बच्चों ने साबित करके दिखाया है, एक ही एकेडमी के तीन बच्चों में दो ने जहाँ जवाहर नवोदय विधालय के लिए परीक्षाएं पास की है तो एक ने सैनिक स्कूल के लिए अपना चयन करवाया है, तीनों बच्चों की सलेक्शन होने से जहाँ क्षेत्र में खुशी का माहोल है वही बच्चों के घरों में बधाइयों का तांता लगा हुआ है, बच्चों की काबिलियत को देखकर परिजनों सहित रिश्तेदारों में खुशी का माहोल है।
तहसील शिलाई के अंतर्गत आने वाले गावं कांडो- भटनोल के रहने वाले अभ्यम्म शर्मा पुत्र रिंकू शर्मा का चयन सैनिक स्कूल के लिए हुआ है, वही बालीकोटी पंचायत के गावं चाकरी निवासी आर्यन नेगी पुत्र संत राम, बिन्दला दिग्वा पंचायत के गावं लम्बीधार निवासी विवेक चौहान पुत्र नरेश चौहान का चयन जवाहर नवोदय स्कूल नाहन के लिए हुआ है, तीनों ही बच्चे शिलाई में मीनाक कोचिंग में परीक्षाओं की तेयारियां पिछले 6 महीने से ले रहे थे, जिसके बाद तीनों बच्चों ने कड़ी मेहनत करके अपने लक्ष्य को हासिल किया है।

उल्लेखनीय है कि जिला सिरमौर के शिलाई विधानसभा क्षेत्र में अच्छी गुणवत्ता वाले न सरकारी संसथान स्थापित है, न ही निजी संस्थान है, जिनमे क्षेत्र के गरीब बच्चे अच्छी शिक्षा प्राप्त करें, पढाई करने के लिए लाइब्रेरी व शिक्षा में सम्पन्न व्यक्तियों की भारी कमियां है, सरकार का क्षेत्र के साथ सोतेला व्यवहार नजर आता है, इकलोते मीनाक कोंचिग सेंटर ने समूचे क्षेत्र का बीड़ा उठाया है, यदि प्रदेश सरकार की नजर-ए- इनायत हो तो शिक्षा में गुणवत्ता के लिए क्षेत्र के सतोंन, कफोटा, शिलाई, रोनहाट, नैनिधार, हरिपुरधार सहित तमाम कस्बों में अच्छी शिक्षा प्रदान करने वाले कोचिंग सेंटर की बेहद जरूरत है, ताकि क्षेत्र के बच्चे अपनी प्रतिभाओं को निखार सकें और प्रदेश के मुकाबले में खड़े हो सकें।

मीनाक कोंचिग सेंटर डारेक्टर, भगवंत नेगी ने मामले पर बताया कि उनकी एकेडमी से तीनों बच्चों का सलेक्शन हुआ है, इसलिए एकेडमी का कद बड़ा है, तीनों बच्चे पढाई में होशयार है तथा कोचिंग सेंटर के शिक्षकों ने बच्चों से अच्छी मेहनत करवाकर निर्णायक रिजल्ट दिया है, इससे पहले दर्जनों बच्चों ने मीनाक कोंचिग सेंटर से शिक्षा प्राप्त करके अपने लक्ष्य हासिल किये है, वर्तमान में करीब पांच दर्जन के करीब मीनाक कोचिंग सेंटर में विभिन्न परीक्षाओं की तेयारियों के लिए बच्चे शिक्षा ग्रहण कर रहे है, अक्सर पढाई में कमजोर बच्चों को सेंटर में एडमिशन दिया जाता है तथा बच्चों के बैसिक को मजबूत करवाया जाता है।
