Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Breakng
    • सिरमौर जिला में पूरा हुआ गेहूं खरीद का कार्य, किसानों से खरीदा गया 19777 क्विंटल गेहूँ
    • हमारी संस्कृति ही हमारी वास्तविक धरोहर – संजय अवस्थी
    • सरकारी ई-बाज़ार और ऑनलाइन व्यापार पर केंद्रित कार्यशाला आयोजित
    • रैम्प और उद्योग 4.0 तकनीकों पर परवाणू में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
    • बाडवास-चौकी मिरगवाल सड़क पर भारी वाहनों की आवाजाही 19 जून तक रहेगी बंद
    • 18 जून को विद्युत आपूर्ति बाधित
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Himachal Varta
    • होम पेज
    • हिमाचल प्रदेश
      • शिमला
      • सिरमौर
      • ऊना
      • चंबा
      • लाहौल स्पीति
      • बिलासपुर
      • मंडी
      • सोलन
      • कुल्लू
      • हमीरपुर
      • किन्नोर
      • कांगड़ा
    • खेल
    • स्वास्थ्य
    • चण्डीगढ़
    • क्राइम
    • दुर्घटनाएं
    • पंजाब
    • आस्था
    • देश
    • हरियाणा
    • राजनैतिक
    Wednesday, June 17
    Himachal Varta
    Home»हिमाचल प्रदेश»प्रदेश सरकार 338 सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों को देगी अस्थाई नियुक्ति
    हिमाचल प्रदेश

    प्रदेश सरकार 338 सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों को देगी अस्थाई नियुक्ति

    By Himachal VartaJanuary 19, 2020
    Facebook WhatsApp

    शिमला। स्वास्थ्य मंत्री विपिन सिंह परमार ने आज यहां जानकारी दी कि प्रदेश के उप-स्वास्थ्य केन्द्रों में 338 सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों (सी.एच.ओ.) को अस्थाई नियुक्ति दी जाएगी। इन पदों को बीएससी नर्सिंग कर चुकी उन उम्मीदवारों से भरा जाएगा जिन्होंने ब्रिज कोर्स पूरा कर लिया है।
    उन्होंने कहा कि बीएससी नर्सिंग करने वालों को इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय द्वारा मान्यता प्राप्त ब्रिज कोर्स करवाया गया है। पहले बैच को राज्य के स्वास्थ्य उप-केन्द्रों में नियुक्ति दी जाएगी जिन्हें आरोग्य केन्द्रों के रूप में स्तरोन्नत किया गया है। उन्होंने कहा कि इन पदों को भारत सरकार के सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम एच.एल.एल के माध्यम से भरा जाएगा जिसके लिए प्रदेश सरकार ने करार किया है।
    विपिन सिंह परमार ने कहा कि सी.एच.ओ. द्वारा 12 संक्रामक और गैर-संक्रामक बीमारियों से सम्बन्धित अनिवार्य सेवाएं प्रदान की जाएंगी। उन्होंने कहा कि सी.एच.ओ. के माध्यम से ग्रामीण और दूर-दराज के क्षेत्रों में सीमांत परिवारों के लिए स्वास्थ्य देखभाल सुविधाओं में और सुधार किया जाएगा। इससे इन परिवारों द्वारा स्वास्थ्य देखभाल के लिए अपनी जेब से खर्च की जानी वाली राशि में कमी आएगी और प्राथमिक देखभाल स्तर पर जन स्वास्थ्य सेवाओं के प्रयोग में भी बढ़ोतरी होगी। इससे द्वितीय और तृतीय स्तर पर देखभाल करने वाली संस्थाओं पर कार्यभोझ में भी कमी आएगी।
    स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि सी.एच.ओ. तैनात करने से निवारण और प्रोत्साहक स्वास्थ्य जन गतिविधियां सुदृढ़ होंगी। इससे स्वास्थ्य आरोग्य केन्द्रों में स्वास्थ्य सूचकांकों के बारे में भी जानकारी मिलेगी। सी.एच.ओ. समुदायों के देखभाल और स्वास्थ्य सम्बन्धित विभिन्न मुद्दों की जानकारी के लिए प्रथम केन्द्र होगा क्योंकि वे लोगों को असानी से उपलब्ध होंगे।
    विपिन सिंह परमार ने कहा कि प्रदेश सरकार सार्वभौमिक स्वास्थ्य प्रदान करने के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए लोगों कोघर-द्वार के समीप बहुत ही कम दरों पर आधारभूत स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान कर रही है। उन्होंने कहा कि उप-केन्द्रों उपलब्ध व्यापक स्वास्थ्य देखभाल पैकेज की संख्या भी बढ़ाई जा रही है।

    Follow on Google News Follow on Facebook
    Share. Facebook Twitter Email WhatsApp
    Recent
    • सिरमौर जिला में पूरा हुआ गेहूं खरीद का कार्य, किसानों से खरीदा गया 19777 क्विंटल गेहूँ
    • हमारी संस्कृति ही हमारी वास्तविक धरोहर – संजय अवस्थी
    • सरकारी ई-बाज़ार और ऑनलाइन व्यापार पर केंद्रित कार्यशाला आयोजित
    • रैम्प और उद्योग 4.0 तकनीकों पर परवाणू में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
    • बाडवास-चौकी मिरगवाल सड़क पर भारी वाहनों की आवाजाही 19 जून तक रहेगी बंद
    Recent Comments
    • Sandeep Sharma on केन्द्र ने हिमालयी राज्यों को पुनः 90ः10 अनुपात में धन उपलब्ध करवाने की मांग को स्वीकार किया
    • Sajan Aggarwal on ददाहू मैं बिजली आपूर्ति में घोर अन्याय
    © 2026 Himachal Varta. Developed by DasKreative.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.