Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Breakng
    • स्थानीय निकाय और पंचायतीराज चुनाव जनमत संग्रह साबित हुए, जनता ने कांग्रेस सरकार को पूरी तरह नकारा : डॉ. राजीव बिंदल
    • ब्यूटी पार्लर प्रशिक्षण से सिरमौर की युवतियां हो रही आत्मनिर्भर
    • आदेश जारी
    • पर्यावरण-अनुकूल विकास: संकटों के बीच समृद्ध हिमाचल का नया ब्लूप्रिंट
    • प्रदेश सरकार सड़कों का नेटवर्क बेहतर बनाने की दिशा में निरंतर प्रयासरत- विक्रमादित्य सिंह
    • आमजन को बेहतर परिवहन सुविधाएं प्रदान करना व हरित परिवहन को बढ़ावा देना प्रदेश सरकार की प्राथमिकता- मुकेश अग्निहोत्री
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Himachal Varta
    • होम पेज
    • हिमाचल प्रदेश
      • शिमला
      • सिरमौर
      • ऊना
      • चंबा
      • लाहौल स्पीति
      • बिलासपुर
      • मंडी
      • सोलन
      • कुल्लू
      • हमीरपुर
      • किन्नोर
      • कांगड़ा
    • खेल
    • स्वास्थ्य
    • चण्डीगढ़
    • क्राइम
    • दुर्घटनाएं
    • पंजाब
    • आस्था
    • देश
    • हरियाणा
    • राजनैतिक
    Thursday, June 4
    Himachal Varta
    Home»स्वास्थ्य»4 सालों से अस्पताल में पड़ी है अल्ट्रासाउंड मशीन लेकिन नहीं है कोई विशेषज्ञ
    स्वास्थ्य

    4 सालों से अस्पताल में पड़ी है अल्ट्रासाउंड मशीन लेकिन नहीं है कोई विशेषज्ञ

    By Himachal VartaApril 26, 2021
    Facebook WhatsApp

    लोगों को निजी अस्पताल में उपचार करवाने के लिए होना पड़ रहा मजबूर

    4 विधानसभा क्षेत्र और दो अन्य राज्यों के लोग पहुंचते हैं उपचार करवाने के लिए

    संकेतिक चित्र।

    नाहन (हिमाचलवार्ता)। पांवटा साहिब के सिविल अस्पताल में लगभग चार सालों से अल्ट्रासाउंड की मशीन पड़ी हुई है, लेकिन डॉक्टर नहीं हैं। यही नहीं बल्कि हड्डी रोगविशेषयज्ञ भी काफी समय से नहीं हैं। ऐसे में 4 विधानसभा क्षेत्रों के लोगों को निजी अस्पताल में अल्ट्रासाउंड ओर इलाज करवाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।

    वहीं स्टाफ के अभाव से भी स्थिति दिन प्रतिदिन दयनीय होती जा रही है। अस्पताल में 700 से अधिक ओपीडी है, लेकिन हड्डी रोग विशेषज्ञ का पद पिछले एक साल से रिक्त होने से लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
    आपको बता दें कि सिविल अस्पताल पांवटा साहिब में जहां पिछले काफी समय से हड्डी चिकित्सक का पद खाली है, इसके साथ साथ स्टाफ नर्सों के भी कई पद खाली पड़े है।
    चार विधानसभा सहित दो पड़ोसी राज्यों के लोग भी सिविल अस्पताल पांवटा साहिब में उपचार के लिए आते हैं।
    सिविल अस्पताल पांवटा साहिब में दुर्गम क्षेत्र शिलाई, रेणुका जी, पांवटा साहिब, नाहन सहित उत्तराखंड व हरियाणा के लोग भी उपचार करवाने अस्पताल में आते है।
    सिविल अस्पताल पांवटा साहिब में प्रतिदिन 700 की ओपीडी होती है लेकिन पांवटा साहिब में अधिक सड़क हादसों के कारण हड्डी रोगियों की संख्या अधिक रहती है। हड्डी रोग से संबंधित प्रतिदिन 130 से 150 मरीज आते है। लेकिन हड्डी विशेषज्ञ का पद खाली होने से अधिक्तर लोगों को निजी अस्पताल में जाकर मंहगे दामों पर उपचार करवाने पर मजबूर होना पड़ रहा है।
    सिविल अस्पताल पांवटा साहिब के प्रभारी संजीव सहगल ने बताया की काफी समय से अल्ट्रासाउंड की मशीन तो है परंतु विशेषज्ञ नहीं है। वहीं उन्होंने बताया कि इस विषय में अस्पताल प्रशासन ने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से अपील की है कि जल्द से जल्द हायर किया जाए, ताकि लोगों को बेहतर सुविधाएं मिल सके।
    Follow on Google News Follow on Facebook
    Share. Facebook Twitter Email WhatsApp
    Recent
    • स्थानीय निकाय और पंचायतीराज चुनाव जनमत संग्रह साबित हुए, जनता ने कांग्रेस सरकार को पूरी तरह नकारा : डॉ. राजीव बिंदल
    • ब्यूटी पार्लर प्रशिक्षण से सिरमौर की युवतियां हो रही आत्मनिर्भर
    • आदेश जारी
    • पर्यावरण-अनुकूल विकास: संकटों के बीच समृद्ध हिमाचल का नया ब्लूप्रिंट
    • प्रदेश सरकार सड़कों का नेटवर्क बेहतर बनाने की दिशा में निरंतर प्रयासरत- विक्रमादित्य सिंह
    Recent Comments
    • Sandeep Sharma on केन्द्र ने हिमालयी राज्यों को पुनः 90ः10 अनुपात में धन उपलब्ध करवाने की मांग को स्वीकार किया
    • Sajan Aggarwal on ददाहू मैं बिजली आपूर्ति में घोर अन्याय
    © 2026 Himachal Varta. Developed by DasKreative.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.