Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Breakng
    • 19 व 20 जुलाई को विद्युत आपूर्ति बाधित
    • सिरमौर में होगा मेगा जिला स्तरीय ‘‘नशा मुक्त युवा-विकसित भारत’’ कार्यक्रम का आयोजन, 24 जुलाई तक करना होगा पंजीकरण।
    • सिरमौर में मुख्यमंत्री सहारा योजना के 270 लाभार्थियों को अप्रैल से जून तिमाही की सहायता राशि जारी
    • राज्यपाल ने जेयूआईटी के 7वें दीक्षांत समारोह में मेधावियों को स्वर्ण पदक प्रदान किए
    • 21 व 22 जुलाई को सिरमौर जिला के लिए रेड अलर्ट जारी
    • स्वास्थ्य संस्थानों को अत्याधुनिक चिकित्सा तकनीक से सुसज्जित करना प्रदेश सरकार की प्राथमिकता – डॉ. शांडिल
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Himachal Varta
    • होम पेज
    • हिमाचल प्रदेश
      • शिमला
      • सिरमौर
      • ऊना
      • चंबा
      • लाहौल स्पीति
      • बिलासपुर
      • मंडी
      • सोलन
      • कुल्लू
      • हमीरपुर
      • किन्नोर
      • कांगड़ा
    • खेल
    • स्वास्थ्य
    • चण्डीगढ़
    • क्राइम
    • दुर्घटनाएं
    • पंजाब
    • आस्था
    • देश
    • हरियाणा
    • राजनैतिक
    Sunday, July 19
    Himachal Varta
    Home»हिमाचल प्रदेश»सोलन»प्रदेश में सेब भगवानों को हो रहा है करोड़ों रुपए का नुकसान भाड़ा भी देना पड़ रहा है डेढ़ गुना 
    सोलन

    प्रदेश में सेब भगवानों को हो रहा है करोड़ों रुपए का नुकसान भाड़ा भी देना पड़ रहा है डेढ़ गुना 

    By Himachal VartaAugust 6, 2023
    Facebook WhatsApp

    सोलन  ( हिमाचल वार्ता न्यूज़  )  कालका-शिमला नेशनल हाईवे-5 सोलन के चक्कीमोड़ में बंद होने से प्रदेश के सेब बागवानों को चार दिन में ही करीब 60 करोड़ का नुकसान हो चुका है। अगर एक सप्ताह तक हाईवे बहाल नहीं हुआ तो नुकसान 100 करोड़ तक पहुंच जाएगा। अभी सेब से लदे वाहनों को वैकल्पिक लंबे मार्गों से भेजा जा रहा है, जिससे सेब समय पर मंडियों में नहीं पहुंच रहा और गुणवत्ता भी प्रभावित हो रही है। वाहन वाया नाहन के कालाअंब से परवाणू भेजे जा रहे हैं, जिस कारण शिमला से परवाणू का ट्रक भाड़ा 28,000 भरना पड़ रहा है। पहले यह भाड़ा 18,000 रुपये लगता था। दूरी बढ़ने से ट्रकों का भाड़ा बढ़ गया है, जिसका सीधा नुकसान बागवानों को उठाना पड़ रहा है। परवाणू फल मंडी आढ़ती एसोसिएशन के अध्यक्ष संजीव भरांटा ने बताया कि एनएच बंद होने से पिछले चार दिन में सेब कारोबार करीब 80 फीसदी तक प्रभावित हुआ है। एनएच बंद होने से किसानों-बागवानों की परेशानी बढ़ गई है। इन्हें बहाल रखना केंद्र सरकार की भी जिम्मेवारी है। कालका शिमला और चंडीगढ़ मनाली दोनों हाईवे बदहाल हैं। आपदा से सेब को बचाने के लिए चाहे सेना की मदद क्यों न लेनी पड़े, तुरंत राष्ट्रीय राजमार्ग बहाल होने चाहिए।

    Follow on Google News Follow on Facebook
    Share. Facebook Twitter Email WhatsApp
    Recent
    • 19 व 20 जुलाई को विद्युत आपूर्ति बाधित
    • सिरमौर में होगा मेगा जिला स्तरीय ‘‘नशा मुक्त युवा-विकसित भारत’’ कार्यक्रम का आयोजन, 24 जुलाई तक करना होगा पंजीकरण।
    • सिरमौर में मुख्यमंत्री सहारा योजना के 270 लाभार्थियों को अप्रैल से जून तिमाही की सहायता राशि जारी
    • राज्यपाल ने जेयूआईटी के 7वें दीक्षांत समारोह में मेधावियों को स्वर्ण पदक प्रदान किए
    • 21 व 22 जुलाई को सिरमौर जिला के लिए रेड अलर्ट जारी
    Recent Comments
    • Sandeep Sharma on केन्द्र ने हिमालयी राज्यों को पुनः 90ः10 अनुपात में धन उपलब्ध करवाने की मांग को स्वीकार किया
    • Sajan Aggarwal on ददाहू मैं बिजली आपूर्ति में घोर अन्याय
    © 2026 Himachal Varta. Developed by DasKreative.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.