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    Home»हिमाचल प्रदेश»सिरमौर»सांस्कृतिक विरासत का अनुसरण करना चाहिए: राज्यपाल राज्यपाल ने अंतरराष्ट्रीय श्री रेणुका जी मेले के समापन समारोह की अध्यक्षता की
    सिरमौर

    सांस्कृतिक विरासत का अनुसरण करना चाहिए: राज्यपाल राज्यपाल ने अंतरराष्ट्रीय श्री रेणुका जी मेले के समापन समारोह की अध्यक्षता की

    By Himachal VartaNovember 15, 2024
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    श्री रेणुका जी ( हिमाचल वार्ता न्यूज)राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल ने आज यहां कहा कि संस्कृति हमारी विरासत है और हमें अपनी विरासत का अनुसरण करना चाहिए, तभी हम समृद्ध हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि श्री रेणुका जी हिमाचल का सबसे सुंदर तीर्थ स्थल है। माता श्री रेणुका जी और भगवान परशुराम जी के मिलन की यह परम्परा और रेणुका झील लोगों के आकर्षण का केंद्र है तथा लोग इस सदियों पुरानी परंपरा का उत्साहपूर्वक पालन करते हैं।
    राज्यपाल सिरमौर जिला के अंतरराष्ट्रीय श्री रेणुका जी मेले के समापन समारोह को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर लेडी गवर्नर एवं राज्य रेडक्रॉस अस्पताल कल्याण अनुभाग की अध्यक्ष जानकी शुक्ला भी उपस्थित थीं।
    राज्यपाल ने कहा कि मेले और त्योहार वर्षों से हमारी संस्कृति का पोषण करते रहे हैं। उन्होंने कहा कि हमारी समृद्ध संस्कृति को बचाए रखने की जिम्मेदारी युवा पीढ़ी की है। राज्यपाल ने कहा कि यह महत्वपूर्ण है कि जिस प्रकार हमारा समाज समृद्धि की ओर बढ़ रहा है, हम अपने मूल्यों को भी अक्षुण्ण बनाए रखें।
    श्री शुक्ल ने कहा कि श्री रेणुका जी मेला भगवान परशुराम का उनकी माता श्री रेणुका जी के प्रति श्रद्धा और भक्ति का प्रतीक है तथा यह भारतीय समाज के समृद्ध मूल्यों का संवर्द्धन करता है। उन्होंने कहा कि मेले और त्योहार राज्य की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के प्रतीक हैं तथा इन्हें संरक्षित किया जाना चाहिए। उन्होंने मेले के सफल आयोजन के लिए सभी को बधाई दी तथा कहा कि श्री रेणुका जी का अपना धार्मिक महत्व है। इस पवित्र स्थान पर पूजा-अर्चना के लिए पूरे भारत से लोग यहां आते हैं।
    उन्होंने भगवान परशुराम जी और माता श्री रेणुका जी मंदिर में पूजा-अर्चना की और देव-विदाई शोभा यात्रा में भी भाग लिया।
    इससे पूर्व राज्यपाल ने स्थानीय कलाकारों द्वारा प्रस्तुत प्रसिद्ध सिरमौरी सिंगटू नृत्य भी देखा।

    उपायुक्त एवं श्री रेणुका जी विकास बोर्ड के उपाध्यक्ष सुमित खिमटा ने राज्यपाल का स्वागत किया और मेले के समापन समारोह की अध्यक्षता करने के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने मेले के दौरान आयोजित विभिन्न गतिविधियों की विस्तृत जानकारी भी दी। उन्होंने इस अवसर पर लेडी गवर्नर को भी सम्मानित किया।
    राज्यपाल ने विभिन्न विभागों और गैर सरकारी संगठनों द्वारा लगाई गई प्रदर्शनियों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने प्रदर्शनी में गहरी रुचि दिखाई। इस अवसर उद्योग विभाग की प्रदर्शनी को प्रथम पुरस्कार भी प्रदान किया गया।
    राज्यपाल का सिरमौर पहुंचने पर बिरला हेलीपैड पर स्थानीय विधायक अजय सोलंकी, उपायुक्त, पुलिस अधीक्षक और जिला प्रशासन के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने गर्मजोशी से स्वागत किया।
    रेणुका विकास बोर्ड के पदाधिकारी और विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों सहित अन्य गणमान्य लोग भी इस अवसर पर उपस्थित थे।
    राज्यपाल श्री रेणुका जी से वर्चुअल माध्यम द्वारा बिहार में आयोजित ‘जनजातीय गौरव दिवस’ पर प्रधानमंत्री के कार्यक्रम में भी शामिल हुए। इस अवसर पर राज्यपाल ने कहा कि यह दिवस भारत के जनजातीय स्वतंत्रता सेनानी और झारखंड की मुंडा जनजाति के लोक नायक बिरसा मुंडा की याद में मनाया जाता है। उन्होंने ‘धरती आभा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान’ के तहत सिरमौर जिले के छह लाभार्थियों जाहिद हसन, नूर हसन, लियाकत अली, भूरा सिंह, अमरनाथ और हुसन सिंह को हिमाचली टोपी और शॉल भेंट कर सम्मानित भी किया।

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