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    Home»हिमाचल प्रदेश»सिरमौर»मनरेगा में करीब 20 वर्षों बाद किए जा रहे व्यापक सुधार : सुरेश कश्यप
    सिरमौर

    मनरेगा में करीब 20 वर्षों बाद किए जा रहे व्यापक सुधार : सुरेश कश्यप

    By Himachal VartaDecember 22, 2025
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    नाहन   ( हिमाचल वार्ता न्यूज):-करीब दो दशकों बाद केंद्र सरकार ने ग्रामीण रोजगार योजना में बड़ा बदलाव करते हुए मनरेगा के नए स्वरूप में लागू करने का निर्णय लिया है। अब मनरेगा को VB-G-RAM-G यानी विकसित भारत – गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण) के नाम से जानता जाएगा। सांसद सुरेश कश्यप नाहन में आज मीडिया से बात कर रहे थे। इस बदलाव को लेकर सांसद सुरेश कश्यप ने इसे एक अहम और ऐतिहासिक कदम बताया है। उन्होंने कहा कि मनरेगा में किया गया यह व्यापक सुधार करीब 20 वर्षों बाद हो रहा है, जिससे योजना को और अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाया जा सकेगा।   सांसद सुरेश कश्यप ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष बेवजह इस मुद्दे को तूल दे रहा है। उन्होंने याद दिलाया कि कांग्रेस सरकार के दौरान ही नरेगा का नाम बदलकर मनरेगा किया गया था, इसलिए नाम परिवर्तन को लेकर अब राजनीति करना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि नए VB-G-RAM-G के तहत भ्रष्टाचार और फर्जीवाड़े पर सख्ती से लगाम लगेगी। योजना में डिजिटल अटेंडेंस का प्रावधान किया गया है, जिससे मजदूरों की वास्तविक उपस्थिति सुनिश्चित होगी। इसके साथ ही कार्यों की वास्तविक स्थिति पर भी लगातार नजर रखी जाएगी। कश्यप ने कहा कि इस योजना में किया जा रहे बदलाव से अब ग्रामीण परिवारों को 100 दिनों की बजाय 125 दिनों के रोजगार की गारंटी दी जाएगी।  जिससे ग्रामीण क्षेत्र में आजीविका के अवसर बढ़ेंगे और आर्थिक मजबूती आएगी। सांसद सुरेश कश्यप का कहना है कि VB-G-RAM-G के लागू होने से योजनाओं का लाभ धरातल पर वास्तविक जरूरतमंद लोगों तक पहुंचेगा, और ग्रामीण विकास को नई दिशा मिलेगी। यह कदम ग्रामीण भारत के लिए एक मजबूत और पारदर्शी रोजगार व्यवस्था सुनिश्चित करेगा। उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत अब जो भी कार्य किए जाएंगे वह कार्य धरातल पर नजर भी आएंगे ऐसा केंद्र सरकार द्वारा योजना में सुधार करने का प्रयास किया जा रहा है।
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