नाहन ( हिमाचल वार्ता न्यूज) त्योहार हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक हैं, जिन्हें नई पीढ़ी तक जीवंत रूप में पहुँचाना अत्यंत आवश्यक है। इसी उद्देश्य के तहत अरिहंत इंटरनेशनल विद्यालय में मकर संक्रांति तथा लोहड़ी का पर्व बड़े हर्षोल्लास और पारंपरिक उल्लास के साथ मनाया गया।
विद्यालय की हिंदी शिक्षिका रणदीप कौर ने लोहड़ी के पर्व की शुभकामनाएं देते हुए इसके महत्व पर प्रकाश डाला ।
इसके बाद विद्यालय की विभिन्न कक्षाओं के विद्यार्थियों ने रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं, जिन में लोकनृत्य एवं लघु नाटिकाएं विशेष आकर्षण का केंद्र रहीं। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों में अपार उत्साह देखने को मिला। पर्व की परंपरा के अनुसार विद्यालय में सभी विद्यार्थियों को मूंगफली व रेवड़ियां वितरित की गईं। साथ ही विद्यार्थियों व शिक्षकों ने पवित्र अग्नि में मूंगफली व रेवड़ियां अर्पित कर पारंपरिक नृत्य किया, जिससे वातावरण पूर्णतः उत्सवमय बन गया।
कक्षा ग्यारहवीं की छात्रा निशचल तथा कक्षा 12 के कला संकाय के छात्र आदित्य शर्मा ने लोहड़ी पर्व पर अपने विचार प्रस्तुत किए।
विद्यालय की निदेशक व प्रधानाचार्या देविंदर साहनी ने विद्यार्थियों व शिक्षकों को मकर संक्रांति की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि विद्यालय “अनेकता में एकता” के मूल मंत्र पर विश्वास करता है। लोहड़ी का पर्व हमें एकता, प्रेम और समृद्धि की भावना को सुदृढ़ करने का संदेश देता है तथा अपनी सांस्कृतिक परंपराओं को समझने व सम्मान देने का अवसर प्रदान करता है।
वहीं विद्यालय के चेयरमैन अनिल जैन एवं महासचिव सचिन जैन ने कहा कि इस प्रकार के आयोजन यह दर्शाते हैं कि अरिहंत इंटरनेशनल विद्यालय शिक्षा के साथ-साथ सांस्कृतिक पर्वों और सह-शैक्षणिक गतिविधियों को भी उत्सव के रूप में मनाता है। इससे विद्यार्थियों को तनावमुक्त, सकारात्मक एवं आनंदमय वातावरण मिलता है, जो उनके सर्वांगीण विकास में सहायक सिद्ध होता है।
कार्यक्रम के सफल आयोजन से विद्यालय परिसर में उल्लास, ऊर्जा और सांस्कृतिक चेतना का सुंदर संगम देखने को मिला।
