Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Breakng
    • स्थानीय निकाय और पंचायतीराज चुनाव जनमत संग्रह साबित हुए, जनता ने कांग्रेस सरकार को पूरी तरह नकारा : डॉ. राजीव बिंदल
    • ब्यूटी पार्लर प्रशिक्षण से सिरमौर की युवतियां हो रही आत्मनिर्भर
    • आदेश जारी
    • पर्यावरण-अनुकूल विकास: संकटों के बीच समृद्ध हिमाचल का नया ब्लूप्रिंट
    • प्रदेश सरकार सड़कों का नेटवर्क बेहतर बनाने की दिशा में निरंतर प्रयासरत- विक्रमादित्य सिंह
    • आमजन को बेहतर परिवहन सुविधाएं प्रदान करना व हरित परिवहन को बढ़ावा देना प्रदेश सरकार की प्राथमिकता- मुकेश अग्निहोत्री
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Himachal Varta
    • होम पेज
    • हिमाचल प्रदेश
      • शिमला
      • सिरमौर
      • ऊना
      • चंबा
      • लाहौल स्पीति
      • बिलासपुर
      • मंडी
      • सोलन
      • कुल्लू
      • हमीरपुर
      • किन्नोर
      • कांगड़ा
    • खेल
    • स्वास्थ्य
    • चण्डीगढ़
    • क्राइम
    • दुर्घटनाएं
    • पंजाब
    • आस्था
    • देश
    • हरियाणा
    • राजनैतिक
    Thursday, June 4
    Himachal Varta
    Home»हिमाचल प्रदेश»चंबा»Chamba # news # मणिमहेश यात्रा प्रशासनिक तौर पर 7 सितंबर से आरंभ होकर 23 सितंबर तक रहेगी।
    चंबा

    Chamba # news # मणिमहेश यात्रा प्रशासनिक तौर पर 7 सितंबर से आरंभ होकर 23 सितंबर तक रहेगी।

    By Himachal VartaAugust 24, 2023
    Facebook WhatsApp

    चंबा ( हिमाचलवार्ता न्यूज़ )  देश के कोने-कोने से पवित्र डल झील में डुबकी लगाने के लिए यहां श्रद्धालु यहां पहुंचते हैं।ऐतिहासिक मणिमहेश यात्रा के लिए इस बार श्रद्धालुओं को पंजीकरण करवाना होगा। बिना पंजीकरण के यात्रा पर जाने का अनुमति नहीं मिलेगी। यात्रा के लिए ऑनलाइन पंजीकरण शुरू हो गया है। प्रशासन का कहना है कि यात्रा के लिए ऑफलाइन पंजीकरण पर भी विचार किया जा रहा हैपंजीकरण प्रक्रिया होने से प्रशासन के पास अब केदारनाथ और अमरनाथ यात्रा की तर्ज पर श्रद्धालुओं का सही आंकड़ा रहेगा। पहली बार यह व्यवस्था लागू की जा रही है। यात्रा पर आने वाले शिव भक्त जिला प्रशासन के पेज पर दिए गए लिंक पर जाकर महज 20 रुपये में पंजीकरण करवा सकते हैं।मणिमहेश यात्रा प्रशासनिक तौर पर 7 सितंबर से आरंभ होकर 23 सितंबर तक रहेगी। देश के कोने-कोने से पवित्र डल झील में डुबकी लगाने के लिए यहां श्रद्धालु यहां पहुंचते हैं। इससे एक तरफ जहां प्रशासन को यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं का स्टीक आंकड़ा मिल सकेगा।वहीं प्राकृतिक आपदा या अप्रिय घटना होने पर लोगों की सुरक्षा के लिए समय रहते उचित कदम उठाए जा सकेंगे। विभागीय साइट पर पंजीकरण करवाने के बाद श्रद्धालुओं के पास क्यूआर कोड होगा। पंजीकरण करवाने वाले श्रद्धालुओं का हड़सर में क्यूआर कोड स्कैन होगा।

    Follow on Google News Follow on Facebook
    Share. Facebook Twitter Email WhatsApp
    Recent
    • स्थानीय निकाय और पंचायतीराज चुनाव जनमत संग्रह साबित हुए, जनता ने कांग्रेस सरकार को पूरी तरह नकारा : डॉ. राजीव बिंदल
    • ब्यूटी पार्लर प्रशिक्षण से सिरमौर की युवतियां हो रही आत्मनिर्भर
    • आदेश जारी
    • पर्यावरण-अनुकूल विकास: संकटों के बीच समृद्ध हिमाचल का नया ब्लूप्रिंट
    • प्रदेश सरकार सड़कों का नेटवर्क बेहतर बनाने की दिशा में निरंतर प्रयासरत- विक्रमादित्य सिंह
    Recent Comments
    • Sandeep Sharma on केन्द्र ने हिमालयी राज्यों को पुनः 90ः10 अनुपात में धन उपलब्ध करवाने की मांग को स्वीकार किया
    • Sajan Aggarwal on ददाहू मैं बिजली आपूर्ति में घोर अन्याय
    © 2026 Himachal Varta. Developed by DasKreative.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.