Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Breakng
    • जल शक्ति मंडल राजगढ़ में अंशकालीन आधार पर भरें जाएंगे 10 पद, 04 जुलाई तक करें आवेदन
    • आयुष विभाग सिरमौर द्वारा जिला स्तरीय योग शिविर कार्यक्रम आयोजित किया गया
    • भारत की प्राचीन विरासत योग को जीवनशैली का हिस्सा बनाएं : डा बिंदल
    • 23 जून को होंगे जिला परिषद सिरमौर अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष पद के चुनाव : उपायुक्त
    • अरिहंत इंटरनेशनल विद्यालय, नाहन में योग दिवस की पूर्व संध्या पर विविध कार्यक्रमों का आयोजन
    • हृदय रोग इंजेक्शन निकला नकली, कालाअंब की फार्मा कंपनी पर सबसे बड़ी कार्रवाई
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Himachal Varta
    • होम पेज
    • हिमाचल प्रदेश
      • शिमला
      • सिरमौर
      • ऊना
      • चंबा
      • लाहौल स्पीति
      • बिलासपुर
      • मंडी
      • सोलन
      • कुल्लू
      • हमीरपुर
      • किन्नोर
      • कांगड़ा
    • खेल
    • स्वास्थ्य
    • चण्डीगढ़
    • क्राइम
    • दुर्घटनाएं
    • पंजाब
    • आस्था
    • देश
    • हरियाणा
    • राजनैतिक
    Sunday, June 21
    Himachal Varta
    Home»हिमाचल प्रदेश»लॉकडाउन में प्राईवेट गाड़ियों वाले सवारियां ढोकर कूट रहे चांदी
    हिमाचल प्रदेश

    लॉकडाउन में प्राईवेट गाड़ियों वाले सवारियां ढोकर कूट रहे चांदी

    By Himachal VartaMay 18, 2020
    Facebook WhatsApp
    himachal varta

    नाहन (संजय सिंह)। लॉकडाउन के दौरान प्राईवेट गाड़ियों वाले ग्रामीण क्षेत्रों से सवारियां ढोकर खूब चांदी कूट रहे हैं जिससे प्रदेश सरकार को लाखों रूपये का चूना लग रहा है । बता दें कि प्रदेश में गत 21 मार्च से लॉकडाउन के कारण सभी बसें बंद है और इस दौरान बिमार व्यक्तियों के लिए दवा व अन्य आवश्यक सामान लाने के लिए गांव के लोगों को गाड़ी हायर करके चणडीगढ अथवा शिमला आदि जाना पड़ता है जिसके एवज मे उनको भारी भरकम रकम अदा करनी पड़ रही है और लोगों की मजबूरी देखकर प्राईवेट गाड़ी वाले इसका खूब फायदा उठाते हैं।
    प्रभावित लोगों ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि रासूमांदर व पझौता क्षेत्र से विभिन्न स्थानों पर जाने के लिए प्राईवेट गाड़ी के मालिकों द्वारा क्रमशः 5,000 से 6,000 रुपए की राशि वसूल की जाती है । गौर रहे कि मोटर वाहन अधिनियम के तहत पंजीकृत निजी वाहन का इस्तेमाल टैक्सी के रूप में नहीं किया जा सकता है जिसके लिए विशेष परिस्थिति में परिवहन विभाग से अनुमति लेनी पड़ती है । सबसे अहम बात यह है कि नाहन प्रदेश का एक ऐसा शहर है जहां पर कोई न ही कोई टैक्सी यूनियन है और टैक्सी स्टैंड। पर प्राईवेट गाड़ियों को जमघट लगा रहता है। यहीं नहीें शहर के किसी भी स्थान पर परिवहन विभाग द्वारा कोई टैक्सी रेट और टैक्सी नंबर प्रदर्शित नहीं किए गए है और आवश्यकता पड़ने पर मजबूरन प्राईवेट गाड़ी को हायर करना पड़ता है । सबसे अहम बात यह है कि प्राईवेट गाड़ी वालों को सवारियां ढोने पर किसी प्रकार का टैक्स अदा नहीें करना पड़ता है । इसी कारण लोग प्राईवेट नंबर लेकर गाड़ी का सवारियों को ढोने के लिए इस्तेमाल किया जाता है ।
    क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी नाहन से जब इस बारे पूछा गया कि प्राईवेट गाड़ी धारकों द्वारा अपने वाहन का प्रयोग टैक्सी के रूप में किया जा रहा है । जिस पर उन्होने बताया कि अभी तक उन्हें ऐसी कोई शिकायत नहीं मिली है।

    Follow on Google News Follow on Facebook
    Share. Facebook Twitter Email WhatsApp
    Recent
    • जल शक्ति मंडल राजगढ़ में अंशकालीन आधार पर भरें जाएंगे 10 पद, 04 जुलाई तक करें आवेदन
    • आयुष विभाग सिरमौर द्वारा जिला स्तरीय योग शिविर कार्यक्रम आयोजित किया गया
    • भारत की प्राचीन विरासत योग को जीवनशैली का हिस्सा बनाएं : डा बिंदल
    • 23 जून को होंगे जिला परिषद सिरमौर अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष पद के चुनाव : उपायुक्त
    • अरिहंत इंटरनेशनल विद्यालय, नाहन में योग दिवस की पूर्व संध्या पर विविध कार्यक्रमों का आयोजन
    Recent Comments
    • Sandeep Sharma on केन्द्र ने हिमालयी राज्यों को पुनः 90ः10 अनुपात में धन उपलब्ध करवाने की मांग को स्वीकार किया
    • Sajan Aggarwal on ददाहू मैं बिजली आपूर्ति में घोर अन्याय
    © 2026 Himachal Varta. Developed by DasKreative.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.