नाहन (एसपी जैरथ):-हिमाचल प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर सियासी बिसात अभी से बिछने लगी है और इस बार जिला सिरमौर प्रदेश की राजनीति के केंद्र में आता दिखाई दे रहा है। इसकी सबसे बड़ी वजह यह है कि कांग्रेस, भाजपा और लोक जनशक्ति पार्टी के प्रदेश अध्यक्षों का सीधा संबंध सिरमौर से है। वहीं राष्ट्रीय देवभूमि पार्टी के अध्यक्ष रूमित सिंह ठाकुर का भी नाहन से पारिवारिक और शैक्षणिक जुड़ाव रहा है। ऐसे में पांच विधानसभा सीटों वाला सिरमौर आगामी चुनाव में प्रदेश की राजनीति की राजनीतिक प्रयोगशाला बनता नजर आ रहा है।भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल नाहन विधानसभा क्षेत्र से आते हैं और नाहन से दो बार विधायक रह चुके हैं।वहीं कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष विनय कुमार श्रीरेणुकाजी विधानसभा क्षेत्र से लगातार तीसरी बार विधायक हैं। अब लोक जनशक्ति पार्टी ने भी नाहन के नितिन चौहान उर्फ टिंकू को हिमाचल प्रदेश की कमान सौंपकर सिरमौर के राजनीतिक महत्व को और बढ़ा दिया है।
तीनों दलों के प्रदेश अध्यक्षों के गृह जिले से होने का सीधा अर्थ यह है कि 2027 में सिरमौर की पांचों विधानसभा सीटें केवल स्थानीय चुनावी मुकाबले तक सीमित नहीं रहेंगी, बल्कि इन सीटों के नतीजे प्रदेश नेतृत्व की संगठनात्मक पकड़ और चुनावी रणनीति का भी आकलन करेंगे।प्रदेश में कांग्रेस की सरकार होने के कारण भाजपा संगठन के सामने सरकार के खिलाफ माहौल को चुनावी समर्थन में बदलने की चुनौती है।
