राजगढ़ ( हिमाचल वार्ता न्यूज)(एसपी जैरथ):-राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के खंड की ओर से रविवार को विजयादशमी उत्सव धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर शस्त्र पूजन एवं पथ संचलन का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में स्वयंसेवकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। संघ के 101वें वर्ष में प्रवेश के उपलक्ष्य में आयोजित इस कार्यक्रम के दौरान स्वयंसेवकों ने अनुशासन, संगठनात्मक एकजुटता और सामूहिकता का परिचय दिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ राजगढ़ के नेहरू मैदान में स्वयंसेवकों के एकत्रीकरण के साथ हुआ। इसके बाद परंपरानुसार शस्त्र पूजन, ध्वजारोहण एवं ध्वज प्रणाम की रस्में निभाई गईं। नेहरू मैदान से शुरू हुआ पथ संचलन निर्धारित मार्गों से होते हुए राजगढ़ शहर के विभिन्न हिस्सों से गुजरा और पुनः अपने निर्धारित पड़ाव पर संपन्न हुआ।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि वेद प्रकाश ठाकुर ने संघ की 101 वर्षों की यात्रा पर प्रकाश डालते हुए कहा कि हिंदुत्व और सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की विचारधारा को लेकर स्थापित संघ ने पांच सदस्यों से अपनी यात्रा शुरू की थी और आज इसका कार्य व्यापक स्तर पर पहुंच चुका है। उन्होंने युवाओं से नशे से दूर रहने, अपनी समृद्ध संस्कृति एवं परंपराओं पर गर्व करने तथा समय का सदुपयोग करने का आह्वान किया। उन्होंने सोशल मीडिया के बढ़ते प्रभाव और उसके दुष्परिणामों के प्रति भी युवाओं को सचेत रहने की सलाह दी।
संघ के प्रांतीय प्रचारक प्रताप सिंह ने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना वर्ष 1925 में डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार ने नागपुर में की थी। विजयादशमी उत्सव संघ की प्रमुख परंपराओं में शामिल है।
