Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Breakng
    • वृक्षारोपण पारिस्थितिकी संतुलन बनाए रखने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम – शरद कुमार लगवाल
    • सड़कें ग्रामीण क्षेत्रों के समग्र विकास की आधारभूत संरचना – संजय अवस्थी
    • 19 व 20 जुलाई को विद्युत आपूर्ति बाधित
    • सिरमौर में होगा मेगा जिला स्तरीय ‘‘नशा मुक्त युवा-विकसित भारत’’ कार्यक्रम का आयोजन, 24 जुलाई तक करना होगा पंजीकरण।
    • सिरमौर में मुख्यमंत्री सहारा योजना के 270 लाभार्थियों को अप्रैल से जून तिमाही की सहायता राशि जारी
    • राज्यपाल ने जेयूआईटी के 7वें दीक्षांत समारोह में मेधावियों को स्वर्ण पदक प्रदान किए
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Himachal Varta
    • होम पेज
    • हिमाचल प्रदेश
      • शिमला
      • सिरमौर
      • ऊना
      • चंबा
      • लाहौल स्पीति
      • बिलासपुर
      • मंडी
      • सोलन
      • कुल्लू
      • हमीरपुर
      • किन्नोर
      • कांगड़ा
    • खेल
    • स्वास्थ्य
    • चण्डीगढ़
    • क्राइम
    • दुर्घटनाएं
    • पंजाब
    • आस्था
    • देश
    • हरियाणा
    • राजनैतिक
    Wednesday, July 22
    Himachal Varta
    Home»स्वास्थ्य»उत्पादकों को ऑक्सीजन का अधिकतम उत्पादन सुनिश्चित करना चाहिएः मुख्यमंत्री
    स्वास्थ्य

    उत्पादकों को ऑक्सीजन का अधिकतम उत्पादन सुनिश्चित करना चाहिएः मुख्यमंत्री

    By Himachal VartaMay 7, 2021
    Facebook WhatsApp

    शिमला (हिमाचलवार्ता)। राज्य सरकार की पहली और महत्वपूर्ण प्राथमिकता स्वास्थ्य चिकित्सा के उद्देश्य से आॅक्सीजन की पर्याप्त आपूर्ति सुनिश्चित करना है ताकि ऑक्सीजन के कारण किसी को परेशानी न झेलनी पड़े। यह बात आज मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने शिमला से वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से राज्य के ऑक्सीजन उत्पादकों को सम्बोधित करते हुए कही।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना महामारी के दौरान इस वायरस के प्रभाव को कम करने के लिए समाज में एक-दूसरे की सहायता करना हम सबका दायित्व बनता है। उन्होंने कहा कि राज्य में आॅक्सीजन का उत्पादन सरप्लस है, लेकिन ऑक्सीजन के परिवहन के लिए हमें सिलेंडरों की आवश्यकता है।

    जय राम ठाकुर ने कहा कि ऑक्सीजन उत्पादकों को राज्य में ऑक्सीजन का अधिकतम उत्पादन सुनिश्चित करना चाहिए ताकि इसका उपयोग कर मानव जीवन को बचाया जा सके। उन्होंने कहा कि ऑक्सीजन के रिसाव और अपव्यय को भी प्रभावी ढंग से रोकने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि कोविड-19 मरीजों के लिए ऑक्सीजन की मांग बढ़ने के कारण ऑक्सीजन की खपत भी काफी बढ़ गई है। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार ने राज्य के लिए 15 मीट्रिक टन तरल मेडिकल ऑक्सीजन का कोटा निर्धारित किया है। राज्य सरकार ने इसे बढ़ाकर 30 प्रतिशत मीट्रिक टन करने का केन्द्र सरकार से आग्रह किया है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार आईजीएमसी के आॅक्सीजन प्लांट की उत्पादन क्षमता को 20 मीट्रिक टन तक बढ़ाएगी। उन्होंने कहा कि इससे राज्य के सबसे बड़े अस्पताल में ऑक्सीजन की आपूर्ति पर्याप्त मात्रा में सुनिश्चित होगी। उन्होंने कहा कि राज्य में अन्य ऑक्सीजन प्लांटों की उत्पादन क्षमता को भी बढ़ाने के प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने केन्द्र सरकार से मांग को पूरा करने के लिए राज्य को डी-टाइप के 5000 और बी-टाइप के 3000 सिलेंडर उपलब्ध करवाने का आग्रह किया है।

    जय राम ठाकुर ने कहा कि राज्य में स्थित सभी ऑक्सीजन संयंत्रों को राज्य सरकार बिजली की पर्याप्त और निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करेगी ताकि ऑक्सीजन की कमी न हो और ऑक्सीजन का उत्पादन सुचारू रूप से चले। उन्होंने कहा कि ऑक्सीजन उत्पादकों को प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में ऑक्सीजन की आपूर्ति निर्बाध और सुचारू रूप से सुनिश्चित करनी चाहिए ताकि लोग ऑक्सीजन के लिए परेशान न हो।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार निजी ऑक्सीजन उत्पादकों के विभिन्न मुददों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करेगी और उन्हें समय पर भुगतान सुनिश्चित करेगी।

    जय राम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश सरकार ने ऑक्सीजन का उचित भंडारण और उपयोग सुनिश्चित करने के लिए सभी स्वास्थ्य संस्थानों में ऑक्सीजन नियंत्रण कक्ष स्थापित किए हैं।

    अतिरिक्त मुख्य सचिव उद्योग राम सुभग सिंह ने मुख्यमंत्री व अन्य गणमान्यों का स्वागत किया और कहा कि विभाग ऑक्सीजन प्लांट की उचित कार्यशीलता सुनिश्चित करने के लिए ऑक्सीजन उत्पादकों को लाजिस्टिक की हर संभव सहायता प्रदान करेगा।

    प्रदेश में स्थापित ऑक्सीजन संयंत्रों के मालिक सुधांशु कपूर, सुरेश शर्मा, पुष्पेन्द्र मित्तल, विशांत गर्ग, अजय मोदी, रोहित मित्तल, हर्ष गुप्ता और रवि धीमान ने भी इस अवसर पर अपने विचार सांझा किए।

    आयुक्त उद्योग हंसराज शर्मा, विशेष सचिव अरिंदम चैधरी मुख्यमंत्री के साथ जबकि मण्डी, कांगड़ा, सोलन, सिरमौर और ऊना के उपायुक्त बैठक में वर्चुअल माध्यम से शामिल हुए।

    Follow on Google News Follow on Facebook
    Share. Facebook Twitter Email WhatsApp
    Recent
    • वृक्षारोपण पारिस्थितिकी संतुलन बनाए रखने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम – शरद कुमार लगवाल
    • सड़कें ग्रामीण क्षेत्रों के समग्र विकास की आधारभूत संरचना – संजय अवस्थी
    • 19 व 20 जुलाई को विद्युत आपूर्ति बाधित
    • सिरमौर में होगा मेगा जिला स्तरीय ‘‘नशा मुक्त युवा-विकसित भारत’’ कार्यक्रम का आयोजन, 24 जुलाई तक करना होगा पंजीकरण।
    • सिरमौर में मुख्यमंत्री सहारा योजना के 270 लाभार्थियों को अप्रैल से जून तिमाही की सहायता राशि जारी
    Recent Comments
    • Sandeep Sharma on केन्द्र ने हिमालयी राज्यों को पुनः 90ः10 अनुपात में धन उपलब्ध करवाने की मांग को स्वीकार किया
    • Sajan Aggarwal on ददाहू मैं बिजली आपूर्ति में घोर अन्याय
    © 2026 Himachal Varta. Developed by DasKreative.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.