Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Breakng
    • अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस पर 21 जून को पक्का टैंक नाहन में लगेगा योग शिविर
    • 10 जून को विद्युत आपूर्ति बाधित
    • मिट्टी, पानी और हवा बचाने को सिरमौर में चला “खेत बचाओ अभियान”
    • आयुर्वेदिक अस्पताल के गेट पर फंदे से लटका मिला सब्जी विक्रेता का शव, क्षेत्र में सनसनी
    • राजगढ़ के शिरगुल महाराज का बैसाखी मेला बना राज्य स्तरीय
    • 100 बिस्तरों वाले हरोली अस्पताल के विस्तार को रफ्तार, अतिरिक्त भवन के लिए 8.42 करोड़ मंजूर*
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Himachal Varta
    • होम पेज
    • हिमाचल प्रदेश
      • शिमला
      • सिरमौर
      • ऊना
      • चंबा
      • लाहौल स्पीति
      • बिलासपुर
      • मंडी
      • सोलन
      • कुल्लू
      • हमीरपुर
      • किन्नोर
      • कांगड़ा
    • खेल
    • स्वास्थ्य
    • चण्डीगढ़
    • क्राइम
    • दुर्घटनाएं
    • पंजाब
    • आस्था
    • देश
    • हरियाणा
    • राजनैतिक
    Monday, June 8
    Himachal Varta
    Home»हिमाचल प्रदेश»सिरमौर»नाहन में धूमधाम से निकली भगवान जगन्नाथ जी की भव्य रथयात्रा
    सिरमौर

    नाहन में धूमधाम से निकली भगवान जगन्नाथ जी की भव्य रथयात्रा

    By Himachal VartaJuly 7, 2024
    Facebook WhatsApp

    नाहन ( हिमाचल वार्ता न्यूज):- ऐतिहासिक शहर नाहन में भगवान जगन्नाथ जी की 16वीं भव्य नगर रथयात्रा बड़ी धूमधाम से निकाली गई। 28 जून से श्रीमद् भागवत कथा के साथ प्रारंभ हुई इस भव्य रथयात्रा का शुभारंभ परंपराओं का निर्वहन करते हुए पूर्व विधानसभा अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल द्वारा किया गया। रविवार को रथ यात्रा के शुभारंभ से पहले प्रातः 8:00 बजे विग्रह पूजन के साथ आयोजित यज्ञ में श्रद्धालुओं के द्वारा पूर्ण आहुति दी गई।

    बड़ा चौक स्थित प्राचीन ऐतिहासिक भगवान जगन्नाथ जी के मंदिर से अपनी बहन सुभद्रा देवी माता के साथ बड़े भाई बलभद्र और भगवान श्री कृष्ण जी विग्रह के रूप में पालकियों में सवार होकर दिल्ली गेट बाजार से चौगान मैदान होते हुए काली स्थान मंदिर पहुंचे। ढोल-नगाड़ों के साथ श्रद्धालु पालकियों को कंधों पर सजाकर भगवान जगन्नाथ जी को रथारूड करने के लिए चौगान मैदान पहुंचे।

    श्री जगन्नाथ रथ यात्रा आयोजन मंडल के अध्यक्ष प्रकाश बंसल के द्वारा श्रद्धालुओं को शुभकामनाएं दी गई। इसके बाद रथ यात्रा मुख्य पुजारी पंडित रामदूत के द्वारा स्वस्ति मंत्रों के साथ आरती पूजन के बाद ब्रह्मांड पिता भगवान जगन्नाथ जी को छप्पन भोग समर्पित किए गए।

    रथ यात्रा प्रबंधन के द्वारा रथ के आगे झाड़ू लगाने की परंपरा निभाते हुए रथ को गति दी गई। इस भव्य रथ को जहां हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं के द्वारा खींचा गया तो वहीं क्या पुरुष क्या नारियां बच्चा-बच्चा कृष्ण भक्ति में झूमता नाचता नजर आया।

    पंडित राम दत्त शास्त्री ने बताया कि श्री जगन्नाथ जी के रथ को खींचने से सहयोगियों के बराबर पुण्य मिलता है। उन्होंने बताया कि यह रथ भगवान के विराजमान होने के बाद बुद्धि चित्त और अहंकार का स्वरूप होता है। उन्होंने बताया कि रथ रूपी शरीर में आत्मा रूपी भगवान श्री जगन्नाथ जी साक्षात रूप में विद्यमान होते हैं। उन्होंने बताया कि रथ यात्रा शरीर और आत्मा के मेल की ओर संकेत करता है और यह आत्म दृष्टि बनाए रखने में भी प्रेरणा देता है।

    वहीं रथ यात्रा मंडल समिति के अध्यक्ष प्रकाश बंसल ने बताया कि 2009 से शुरू हुई यह भव्य रथ यात्रा अब श्रद्धा का विकराल रूप धारण कर चुकी है। उन्होंने बताया कि उत्तर भारत के श्रद्धालुओं के सहयोग से भगवान जगन्नाथ जी के मंदिर के प्रवेश का पहला तोरण द्वार भी लाखों की लागत से बनकर तैयार हो चुका है। उन्होंने बताया कि जिस प्रकार पुरी धाम में नीम की लकड़ी का रथ बनाया जाता है इस प्रकार इस रथ यात्रा के रथ का निर्माण भी उसी तर्ज पर किया जाएगा।

    उन्होंने बताया कि भक्तों और श्रद्धालुओं के सहयोग से नगर में भगवान श्री जगन्नाथ जी के चार द्वारा बनाए जाएंगे जिनमें से एक द्वारा काल पूरक श्री गुरु गोविंद सिंह जी के नाम से भी बनाया जाएगा। उन्होंने बताया कि गुरु गोविंद सिंह जी ने धर्म की रक्षा के साथ-साथ नाहन शहर की आक्रांताओं से रक्षा की थी।

    बरहाल, रविवार को आयोजित हुई भव्य रथ यात्रा चौगान से शुरू होकर माल रोड़, गुन्नू घाट, लालटेन चौक, रानीताल होते हुए बस स्टैंड मां शीतला देवी मंदिर के समीप पहुंची। नगर पर निकली रथ यात्रा यात्रा के दौरान रथ आरुड भगवान श्री जगन्नाथ जी, बलभद्र जी व बहन सुभद्रा के दर्शन करने को न केवल पूरा शहर बल्कि पड़ोसी राज्यों से आए हजारों श्रद्धालु भी ललाईत थे।

    शहर से रथ यात्रा गुजरने के दौरान श्रद्धालुओं के लिए जगह-जगह लोगों और सामाजिक व धार्मिक संगठनों के द्वारा तरह-तरह के पकवानों के स्टाल लगाए गए थे। हरियाणा के नारायणगढ़ से आई नारायणगढ़ सेवा समिति के अध्यक्ष सुमन दुआ व उनके सहयोगियों के द्वारा हर वर्ष की भांति इस बार भी चौगान में अटूट प्रसाद वितरण का आयोजन किया गया।

    देर शाम शीतला मंदिर पहुंची रथ यात्रा से विग्रहों को पालकी पर फिर से आरुड कर कच्चा टैंक बाजार से होते हुए मुख्य मंदिर ले जाया गया। श्रद्धा और भक्ति के इस अनूठे संगम में हजारों की तादात में भक्तों ने अपनी उपस्थिति दर्ज की।

    तो वहीं इस भव्य रथ यात्रा के आयोजन में आयोजन समिति के उपाध्यक्ष पियूष गोयल, महासचिव भुवन जोशी, कोषाध्यक्ष योगेश जैन तथा चतर सिंह सहित तमाम सदस्य व पदाधिकारी मौजूद रहे।

    Follow on Google News Follow on Facebook
    Share. Facebook Twitter Email WhatsApp
    Recent
    • अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस पर 21 जून को पक्का टैंक नाहन में लगेगा योग शिविर
    • 10 जून को विद्युत आपूर्ति बाधित
    • मिट्टी, पानी और हवा बचाने को सिरमौर में चला “खेत बचाओ अभियान”
    • आयुर्वेदिक अस्पताल के गेट पर फंदे से लटका मिला सब्जी विक्रेता का शव, क्षेत्र में सनसनी
    • राजगढ़ के शिरगुल महाराज का बैसाखी मेला बना राज्य स्तरीय
    Recent Comments
    • Sandeep Sharma on केन्द्र ने हिमालयी राज्यों को पुनः 90ः10 अनुपात में धन उपलब्ध करवाने की मांग को स्वीकार किया
    • Sajan Aggarwal on ददाहू मैं बिजली आपूर्ति में घोर अन्याय
    © 2026 Himachal Varta. Developed by DasKreative.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.